क्षिप्रा

करोड़ो की लागत से बने शिप्रा घाट पर नही है कोई चेंजिंग रूम, महिलाओ को होना पड़ रहा शर्मिंदा

क्षिप्राखबर @ क्षिप्रा। क्षिप्रा नदी पर करोड़ो की लागत से बने नवीन घाट पर महिलाओं के लिए वस्त्र बदलने के लिए कोई व्यवस्था नही है। जिससे महिलाओं को शर्मिंदगी का सामना करना पड़ रहा है। नए घाट बनने के बाद यहां स्थानीय लोगो सहित आसपास के लोग भी प्रतिदिन बड़ी संख्या में स्नान एवं तट पर बने प्राचीन मंदिरों में दर्शन को पहुँचने लगे है। ऐसे में घाट पर महिलाओं के लिये वस्त्र बदलने के लिए समुचित व्यवस्था एवं शुद्ध पेयजल की व्यवस्था करने के लिए यहां आने वाले श्रद्धालुओं ने गुहार लगाई है।गौरतलब है कि ग्राम पंचायत बूढ़ी बरलाई क्षिप्रा के अंतर्गत 1 करोड़ों 17 लाख की लागत से बनने वाले क्षिप्रा नदी के पर नए घाट बनने के बाद यहां पहुँचने वाले स्थानीय लोगो की संख्या सैकड़ो से हजारों में बदलने लग गयी है। आम दिनों के अलावा प्रमुख तीज त्योहारों पर पुरुषों के साथ ही रोजाना महिलाएं और युवतियां भी बड़ी संख्या में स्नान करने के लिए पहुंचती हैं, लेकिन यहां महिलाओं के लिए वस्त्र बदलने की कोई व्यवस्था न होने से उन्हें शर्मसार होना पड़ रहा है। घाट पर कपड़े बदलने की जगह नहीं होने पर महिलाओं को सार्वजनिक रूप से ही कपड़े बदलना पड़ रहे हैं। जिससे महिलाओं को शर्मिंदगी का सामना करना पड़ रहा है। पहले यहां एक अस्थाई वस्त्र बदलने की सुविधा थी जिसे हटा दिया गया। ऐसे में नदी क्षेत्र में कहीं भी वस्त्र बदलने के लिए सेड नहीं हैं, ना ही कोई ऐसी जगह है, जहां महिलाएं नहाने के बाद वस्त्र बदल सकें। इसीके साथ पेयजल के नाम पर सिर्फ हैंडपंप लगा हुआ है। पंचायत प्रशासन को यहां शुद्ध पेयजल की व्यवस्था भी करनी चाहिए। कार्तिक माह की पूर्णिमा पर आज यहां हजारो श्रद्धालु स्नान के लिए पहुँचेंगे ऐसे में यहां पंचायत को उचित व्यवस्था करनी चाहिए।

आचार संहिता हटने के बाद घाट पर चेंजिग रूम जल्द ही घाट पर रखेंगे। सोमवार को स्नान घाट पर कपड़े बदलने के लिए अस्थाई शेड बना दिये जायेंगे।
— दिनेश मांगरोले (सरपंच प्रतिनिधि, ग्राम पंचायत बुढ़ी बरलाई)

You cannot copy content of this page

error: Content is protected !!