क्षिप्रा

मात्र एक बिल्वपत्र से प्रसन्न हो जाते है भगवान शिव – पं. दुबे

श्री सिद्धि विनायक महिला मंडल द्वारा श्रावण माह में किया जा रहा शिवमहापुराण कथा का आयोजन

क्षिप्राखबर @ क्षिप्रा। भोलेनाथ की पूजा में बिल्वपत्र यानी बेलपत्र का विशेष महत्व है। महादेव एक बेलपत्र अर्पण करने से भी प्रसन्न हो जाते है। इसलिए उन्हें ‘आशुतोष’ भी कहा जाता है। बेलपत्र में एक साथ तीन पत्तियां जुड़ी रहती हैं। इसे ब्रह्मा, विष्णु और महेश का प्रतीक माना जाता है। यह बात सिद्धी विनायक महिला मंडल क्षिप्रा द्वारा आयोजित श्री शिव महापुराण कथा में पं. वैभव दुबे ने कथा का वर्णन करते हुए सुनाई।

पं. दुबे ने श्रद्धालुओं को श्री शिवमहापुराण कथा की महिमा सुनाते हुई कहा कि वैसे तो बेलपत्र की महिमा का वर्णन कई पुराणों में मिलता है। लेकिन शिवपुराण में इसकी महिमा विस्‍तार से बताई गयी है। बेलपत्र भगवान शिव का प्रतीक है। श‍िवजी की पूजा-पाठ में कई वस्‍तुओं का प्रयोग क‍िया जाता है। लेक‍िन बेलपत्र का पूजा में होना अत्‍यंत जरूरी होता है। शास्‍त्रों में तो इसके बारे में तो यहां तक कहा जाता है क‍ि अगर आपके पास पूजा की कोई सामग्री न भी हो तो भी आप श‍िवजी को केवल बेलपत्र चढ़ा दें तो वह प्रसन्‍न हो जाते हैं।

पं दुबे ने कथा में बताया भगवान शिव को क्यो प्रिय है श्रावण…
श्री शिवमहापुराण कथा श्रवण करवाते हुए पं. वैभव दुबे ने कहा कि पौराणिक मान्यता के अनुसार श्रावण महीने को देवों के देव महादेव भगवान शंकर का महीना माना जाता है। इस संबंध में पौराणिक कथा है कि जब सनत कुमारों ने महादेव से उन्हें श्रावण महीना प्रिय होने का कारण पूछा तो भगवान शिव ने बताया कि जब देवी सती ने अपने पिता दक्ष के घर में योगशक्ति से शरीर त्याग किया था, उससे पहले देवी सती ने महादेव को हर जन्म में पति के रूप में पाने का प्रण किया था।अपने दूसरे जन्म में देवी सती ने पार्वती के नाम से हिमाचल और रानी मैना के घर में पुत्री के रूप में जन्म लिया। पार्वती ने युवावस्था के श्रावण महीने में निराहार रह कर कठोर व्रत किया और उन्हें प्रसन्न कर विवाह किया, तब से महादेव के लिए यह माह विशेष हो गया। इस अवसर पर सिद्धि विनायक महिला मंडल की सरोज राठी, संध्या तापड़िया, मोना झंवर, अनीता अग्रवाल, सुधा झंवर, तृप्ति बाहेती, पूजा अग्रवाल, सपना अग्रवाल, लता जैन, कृतिका अग्रवाल, राधिका, सोनू मंत्री, कविता अग्रवाल, अनुष्का अग्रवाल, पलक बंसल, दिशा कासट, प्रतिभा अग्रवाल, रंजना बंसल आदि उपस्थित रहे।

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